15 दिनों के भीतर होगा बेरोजगारी भत्ते के दावे का निपटारा, जानें नियम और शर्तें

मोदी सरकार तीन महीने तक कोरोना काल में नौकरी गंवा चुके लोगों को वेतन का 50 फीसद के रूप में बेरोजगारी भत्ता दे रही है। भत्ते के दावा का निपटान 15 दिन के भीतर होगा। इस योजना का फायदा केवल उन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा जो ईएसआई स्कीम के साथ कम से कम दो सालों से जुड़े हैं। यह आश्वासन केंद्रीय श्रम मंत्री संतोष गंगवार ने दिया है। उन्होंने शुक्रवार को कहा कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) की अटल बीमित व्यक्ति कल्याण योजना के तहत बेरोजगारी लाभ के दावा का आवेदन करने के 15 दिनों के भीतर निपटान कर दिया जाएगा।

इस तरह उठा सकेंगे फायदा

ईएसआईसी से जुड़े कर्मचारी बेरोजगारी भत्ता प्राप्त करने के किसी भी शाखा में जाकर आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद ईएसआईसी द्वारा आवेदन की पुष्टि की जाएगी। सही आवदेन होने के बाद कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद योग्य पाए गए कर्मचारी के खाते में रकम जमा कर दी जाएगी। कर्मचारियों के अपनी पहचान के लिए आधार कार्ड उपलब्ध करवाना होगा।

21 हजार तक वेतन वाले को लाभ

ईएसआईसी श्रम मंत्रालय के तहत आने वाला एक संगठन है जो 21,000 रुपये तक के कर्मचारियों को ईएसआईसी योजना के तहत बीमा प्रदान कराती है। यानी, जिन कामगारों की सैलरी 21000 रुपये प्रति महीना थी उन्हें इस योजना का लाभ मिलेगा। ईएसआई के तहत देश की करीब 3.5 करोड़ परिवार शामिल हैं, जिसके कारण करीब 13.5 करोड़ लोगों को नकदी और स्वास्थ्य कवर का लाभ मिलता है।

1.8 करोड़ वेतनभोगियों ने गंवाई नौकरी

सीएमआईई की रिपोर्ट के अनुसार, कोरोना के कारण लॉकडाउन लगाए जाने के बाद अप्रैल से अब तक भारत में 1.8 करोड़ से अधिक वेतनभोगी कर्मचारियों अपनी नौकरी गंवा बैठे हैं। रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई में पचास लाख नौकरियों को फिर से चली गईं और वेतनभोगी कर्मचारियों की दुर्दशा लॉकडाउन शुरू होने के बाद से खराब ही होती रही हैं।

ईएसआईसी के निदेशक मंडल ने कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर रोजगार गंवाने वाले लोगों को राहत प्रदान करते हुए इस साल 24 मार्च से 31 दिसंबर तक के लिए बेरोजगारी लाभ के तहत भुगतान को दोगुना कर दिया है। योजना के तहत अब तीन महीने के औसत वेतन का पचास प्रतिशत लाभ दिया जाएगा। गंगवार ने पीटीआई-भाषा से कहा, ”बेरोजगारी लाभ के लिए ईएसआई योजना के तहत दावा 15 दिनों में निपटाया जाएगा। इस योजना से ईएसआई से जुड़े उन लोगों को राहत मिलेगी, जिन्होंने कोविड-19 महामारी के दौरान अपनी नौकरी खो दी। इस योजना के तहत 24 मार्च 2020 से 31 दिसंबर 2020 की अवधि के दौरान तीन महीने के औसत वेतन के पचास प्रतिशत के बराबर लाभ दिया जाएगा जो कि पहले 25 प्रतिशत दिया जाता था।

केंद्रीय मंत्री ने कहा, ”अब रोजगार जाने के 30 दिनों के बाद लाभ का दावा दायर किया जा सकता है। पहले यह 90 दिनों बाद कर पाना संभव था। अब कर्मचारी स्वयं ही दावा कर सकते हैं, जबकि पहले उन्हें नियोक्ता के माध्यम से आवेदन करना होता था। गंगवार ईएसआईसी बोर्ड के अध्यक्ष भी हैं। उन्होंने योजना के दायरे में आने वाले लोगों से इसका लाभ उठाने की अपील की। ईएसआईसी बोर्ड की गुारुवार को हुई बैठक में लिए गये इस फैसले से लगभग 40 लाख औद्योगिक श्रमिकों को लाभ होने की उम्मीद है। ईएसआईसी बोर्ड ने अटल बीमित व्यक्ति कल्याण योजना के तहत बेरोजगारी लाभ के तहत भुगतान को बढ़ाने और पात्रता मानदंडों में ढील देने को मंजूरी दी है।

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