By: Ravindra Singh
भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ के प्रभाव के चलते राज्य के कई हिस्सों में तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। पिछले कुछ दिनों में पारा 8 डिग्री तक लुढ़क गया है, जिससे राज्य में ठंड ने समय से पहले ही दस्तक दे दी है। मौसम विभाग के अनुसार, यह दौर आगामी 5 नवंबर तक जारी रह सकता है।
15 जिलों में बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी
मौसम विभाग ने आज राज्य के 15 प्रमुख जिलों में आंधी और बारिश की संभावना जताई है। इनमें जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, कटनी, उमरिया, अनूपपुर, शहडोल, मैहर, सीधी और सिंगरौली शामिल हैं। इन इलाकों में तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और वर्षा होने के आसार हैं, जिससे तापमान में और कमी आ सकती है।
चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ का प्रभाव और तापमान में भारी गिरावट
बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ के कारण मध्य प्रदेश के कई संभागों में मौसम प्रभावित हुआ है। जबलपुर, रीवा, शहडोल, नर्मदापुरम और इंदौर संभाग में जहाँ बारिश के हालात हैं, वहीं भोपाल, उज्जैन, ग्वालियर और सागर संभाग में आसमान में बादल छाए हुए हैं। पिछले 48 घंटों के भीतर विभिन्न संभागों में अधिकतम तापमान 5 से 8 डिग्री सेल्सियस तक नीचे आ चुका है।
दमोह और भोपाल में ठंड बढ़ी, नवंबर के दूसरे हफ्ते से कड़ाके की ठंड के आसार
रात के तापमान में भी खासी गिरावट देखने को मिल रही है। दमोह में न्यूनतम तापमान सबसे कम 14.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अमरकंटक में 15.1 डिग्री और भोपाल में 15.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि नवंबर के दूसरे सप्ताह से उत्तरी हवाओं के आने के बाद प्रदेश में ठंड का असर और अधिक तीव्र हो जाएगा।




