महाराष्ट्र: शिवसेना के पूर्व विधायक के घर पर हमला, उद्धव ठाकरे पर की थी टिप्पणी

औरंगाबाद । शिवसेना के पूर्व विधायक हर्षवर्धन जाधव पर हमले का मामला सामने आया है। महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में जाधव के निवास पर गुरुवार की तड़के अज्ञात व्यक्तियों द्वारा तोड़फोड़ की गई। उनपर हुए हमले के पीछे जाधव द्वारा चुनावी रैली के दौरान उद्धव ठाकरे के खिलाफ कथित तौर पर की गई अपमानजनक टिप्पणी को बताया जा रहा है। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि लगभग 1.30 बजे हुए हमले में जाधव के घर की खिड़की और खड़ी कार के शीशे को तोड़ दिया गया। घटना के समय उनकी (जाधव) पत्नी और दो बेटे घर के अंदर मौजूद थे।

बता दें कि जाधव (जो 21 अक्टूबर को होने जा रहे चुनाव में औरंगाबाद में कन्नड़ से निर्दलीय के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं) ने बुधवार को यहां एक रैली में कथित रूप से ठाकरे के खिलाफ कुछ आपत्तिजनक टिप्पणी की, जिसमें कांग्रेस के पूर्व मंत्री शामिल थे। जाधव की टिप्पणियों का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद, शिवसेना के कुछ नाराज कार्यकर्ता बुधवार शाम को CIDCO पुलिस स्टेशन गए और उनके खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग की।

गुरुवार को करीब 1.30 बजे, कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने उनके निवास पर पत्थरों से हमला किया, एक कार और खिड़की के शीशे को तोड़ा, अधिकारी ने जाधव की पत्नी द्वारा दायर शिकायत के हवाले से कहा। शिकायतकर्ता संजना जाधव ने गुरुवार को कहा, ‘हमारे घर पर हमला करने वाले लोग ‘जय भवानी, जय शिवाजी’ जैसे नारे लगा रहे थे।’ पुलिस अधिकारी ने कहा कि जाधव के आवास पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है और जिले में उनके दूसरे घर पर पुलिसकर्मियों को भी तैनात किया गया है।

जाधव ने पिछले साल मराठों, धनगरों और मुसलमानों के आरक्षण के मुद्दे पर पार्टी नेतृत्व से अलग होने के बाद सेना से इस्तीफा दे दिया था। बाद में उन्होंने अपना स्वयं का संगठन बनाया, जिसका नाम शिव स्वराज्य बहुजन पक्ष है।

वहीं, शिवसेना के जिला अध्यक्ष और एमएलसी अंबादास दानवे ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि पार्टी कार्यकर्ता ठाकरे के खिलाफ उनकी ‘अपमानजनक’ टिप्पणी पर जाधव से नाराज थे। उन्होंने कहा, ‘हम उन्हें सबक सिखाएंगे, लेकिन चुनाव के बाद।’ हालांकि, दानवे ने कहा, ‘हम इस बात से अनजान हैं कि उनके आवास पर हमला किसने किया। हम अभी उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करेंगे, क्योंकि उन्हें मतदाताओं से सहानुभूति मिल सकती है। इसलिए हम चुनाव खत्म होने का इंतजार करेंगे।’

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