स्वदेशी वस्तुओं के उपयोग को बढ़ावा दें : राज्यमंत्री जायसवाल

स्वदेशी वस्तुओं के उपयोग को बढ़ावा दें : राज्यमंत्री  जायसवाल

खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग की वेबसाइट का शुभारंभ

भोपाल

कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार)  दिलीप जायसवाल ने कहा कि स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आज हम सब एक ऐसी पहल का शुभारंभ कर रहे हैं जो न केवल तकनीकी दृष्टि से आधुनिक है बल्कि आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने की दिशा में एक सशक्त कदम है। राज्य शासन के कुटीर एवं प्रामोद्योग विभाग के अंतर्गत, खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा विकसित यह एकीकृत डिजिटल प्लेटफार्म – mpkhadigramodyog.com हमारे राज्य के लाखों कारीगरों, बुनकरों, उद्यमियों और उपभोक्ताओं के लिए एक नया डिजिटल पुल है। यह पहल डिजिटल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत के उद्देश्यों को मजबूत करेगी। राज्य मंत्री  जायसवाल ने यह बात भोपाल हाट में खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा विकसित की गई वेबसाइट के शुभारंभ अवसर पर कही। इस अवसर पर खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड के प्रबंध संचालक  माल सिंह, शिल्पी, बुनकर, उपभोक्ता, आमजन उपस्थित थे।

राज्यमंत्री  जायसवाल ने कहा कि यह पोर्टल खादी, हाथकरघा, हस्तशिल्प और ग्रामोद्योग के क्षेत्र में कार्यरत सभी हितधारकों को एक ही मंच पर जोड़ता है। इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से कलाकार, स्व-सहायता समूह, उद्यमी और एम्पोरियम प्रबंधक अब अपने उत्पादों को डिजिटल माध्यम से प्रदर्शित कर सकते हैं। यहीं उपभोक्ताओं को स्थानीय एवं पारंपरिक उत्पादों तक सीधी पहुँच प्राप्त होगी।

वेबसाइट पर कलाकार पंजीकरण, एम्पोरियम जानकारी, प्रीमियम उत्पाद प्रदर्शन, ऑन-डिमांड शोकेस जैसी नागरिक उन्मुख सेवाएँ उपलब्ध कराई गई हैं। यह केवल एक वेबसाइट नहीं, बल्कि एक संपूर्ण डिजिटल इकोसिस्टम है,जहाँ खादी की आत्मा और आधुनिक तकनीक का समन्वय दिखाई देता है। इस प्लेटफ़ॉर्म की एक और महत्वपूर्ण विशेषता है हमारे दो गौरवशाली ब्रांड “कबीरा बाय खादी” और “विंध्य वैली”, जिनके माध्यम से हम खादी की परंपरा और प्रामोद्योग की शुद्धता को वैश्विक पहचान दे रहे हैं।

कबीरा बाय खादी हमारे प्रदेश के हैंडलूम वस्त्रों, सिल्क साड़ियों, और डिजाइनर परिधानों को एक नई पहचान दे रहा है। यह खादी को युवाओं की फैशन संस्कृति से जोड़ने का कार्य कर रहा है। वहीं विंध्य वेली ग्रांड हमारे एफएमसीजी उत्पादों जैसे हर्बल तेल, अगरबत्ती, एलोवेरा जेल, प्राकृतिक शहद और ग्रामीण घरेलू उत्पादों को गुणवत्ता और आकर्षक पैकेजिंग के साथ उपभोक्ताओं तक पहुंचा रहा है।

यह वेबसाइट तकनीकी दक्षता और नागरिक केंद्रित कार्यप्रणाली का उदाहरण है। अधिकारी और प्रबंधक वास्तविक समय में पंजीकृत कलाकारों, समूहों और एम्पोरियमों की स्थिति देख सकते हैं तथा सभी अभिलेखों का डिजिटल प्रबंधन कर सकते हैं।

राज्यमंत्री  जायसवाल ने कहा कि मुझे गर्व है कि मध्यप्रदेश खादी तथा प्रामोद्योग बोर्ड ने आधुनिक तकनीक को अपनाकर एक ऐसा मॉडल प्रस्तुत किया है, जिसे पूरे देश में अनुकरणीय कहा जा सकता है। उन्होंने परियोजना से जुड़े सभी अधिकारियों, तकनीकी साझेदारों, और हमारी टेक्निकल टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि हम सब मिलकर खादी की परंपरा को नई तकनीक, नई सोच और नए उत्साह के साथ आगे बढ़ाएँ। खादी केवल वस्त्र नहीं, यह आत्मनिर्भर भारत की पहचान है। उन्होंने स्वदेशी वस्तुओं एवं खादी उत्पादों को अपनाने पर जोर दिया।

राज्यमंत्री  जायसवाल ने भोपाल हाट में 27 सितंबर से 10 अक्टूबर तक चल रहे राष्ट्रीय खादी उत्सव की स्टालों का अवलोकन किया। उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की मूर्ति के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

 

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