पौधरोपण कार्य में स्थानीय प्रजातियों को दी जाए प्राथमिकता : आयुक्त भोंडवे

पौधरोपण एवं पौध संरक्षण पर संभाग स्तरीय कार्यशाला हुई

भोपाल
नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा वर्ष 2026 में प्रस्तावित व्यापक पौधरोपण अभियान की तैयारियों के अंतर्गत “पौधरोपण एवं पौध संरक्षण” विषय पर संभाग स्तरीय कार्यशाला का आयोजन बुधवार को स्वर्ण जयंती सभागार, आरसीवीपी नरोन्हा प्रशासन अकादमी, भोपाल में किया गया।

नगरीय विकास एवं आवास आयुक्त श्री संकेत भोंडवे ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि वर्ष 2026 का पौधरोपण केवल औपचारिक लक्ष्य पूर्ति तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पौधों के संरक्षण, जीवित रहने की दर तथा दीर्घकालीन पर्यावरणीय लाभ पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि “पौधा लगाना जितना महत्वपूर्ण है, उससे कहीं अधिक आवश्यक उनका संरक्षण करना है। जब तक पौधे सुरक्षित नहीं रहेंगे, तब तक पर्यावरण संरक्षण का उद्देश्य पूर्ण नहीं हो सकता।”

आयुक्त श्री भोंडवे ने बताया कि प्रदेश स्तर पर सुनियोजित एवं वैज्ञानिक पद्धति से पौधारोपण सुनिश्चित करने के लिए संभाग स्तरीय कार्यशालाओं का आयोजन किया जा रहा है। शहडोल, ग्वालियर, इंदौर, रीवा, उज्जैन, जबलपुर एवं सागर संभाग में कार्यशालाओं के आयोजन के बाद भोपाल संभाग में यह प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिससे स्थानीय स्तर पर बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पौधरोपण कार्य में स्थानीय प्रजातियों को प्राथमिकता दी जाए, नियमित मॉनिटरिंग की व्यवस्था की जाए तथा नागरिक सहभागिता को भी अभियान से जोड़ा जाए, जिससे नगरीय क्षेत्रों में स्थायी हरित विकास को गति मिल सके।

एक दिवसीय प्रशिक्षण सह क्षमतावर्धन कार्यशाला में भोपाल संभाग अंतर्गत नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी, पौधरोपण प्रभारी, नोडल अधिकारी, उद्यान अधिकारी, माली वर्ग एवं स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने सहभागिता की। कार्यशाला का उद्देश्य पौधरोपण कार्य से जुड़े मैदानी अमले को तकनीकी रूप से सक्षम बनाना, पौधों के संरक्षण की प्रभावी रणनीति तैयार करना तथा नगरीय क्षेत्रों में हरित आवरण को सुदृढ़ करना रहा।

 

  • Related Posts

    MP Dearness Allowance: कर्मचारियों को मिल रहा 58% महंगाई भत्ता, 2% के अंतर से 7 महीने में 420 करोड़ रुपये की बचत का अनुमान

    By: Ravindra Singh मध्य प्रदेश में सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में अगली बढ़ोतरी को लेकर इंतजार जारी है। प्रदेश के 4.50 लाख से अधिक सरकारी कर्मचारी फिलहाल 58…

    MP Coaching Centre पर शिकंजा: वेबसाइट पर फीस और शिक्षकों की जानकारी देना होगा अनिवार्य, CCTV-काउंसलिंग के भी नियम

    By: Ravindra Singh मध्य प्रदेश में कोचिंग संस्थानों की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी और विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित बनाने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए उच्च शिक्षा विभाग…