विशेषज्ञों द्वारा महत्वपूर्ण सत्रों में व्याख्यान के साथ हुई कार्यशाला

दो दिवसीय इनक्यूबेटर कार्यशाला
विशेषज्ञों द्वारा महत्वपूर्ण सत्रों में व्याख्यान के साथ हुई कार्यशाला

भोपाल

उच्च शिक्षा एवं मध्यप्रदेश स्टार्ट-अप सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय इनक्यूबेटर कार्यशाला के दूसरे दिन बुधवार को विभिन्न विशेषज्ञों द्वारा अत्यंत उपयोगी विषयों पर व्याख्यान दिए गए।

प्रथम सत्र में श्री रोनाल्ड फर्नांडीज़ द्वारा “फायनेशियल प्लानिंग एंड रेवेन्यू मॉडल फॉर इनक्यूबेटर” विषय पर विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने इनक्यूबेटर के दीर्घकालिक संचालन हेतु वित्तीय योजना, संसाधनों के विविधीकरण तथा आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के उपायों पर प्रकाश डाला।

द्वितीय सत्र में डॉ. संजीव पाटनी, सीईओ, एआईसी-प्रेस्टिज इंदौर द्वारा “क्रिएटिंग विजिबिलिटी एंड इन्क्यूबेटी पाइपलाइन” विषय पर व्याख्यान दिया गया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार एक इनक्यूबेटर को सामाजिक एवं औद्योगिक स्तर पर पहचान दिलाई जा सकती है तथा नवाचारकर्ताओं की एक सतत पाइपलाइन कैसे तैयार की जाए।

तृतीय सत्र में श्री अपूर्व गैवक, निदेशक, सेंटर फॉर इनोवेशन, डिजाइन एंड इनक्यूबेशन, SGSITS इंदौर ने “HR Planning for Incubators” पर सारगर्भित जानकारी साझा की। उन्होंने मानव संसाधन नियोजन की रणनीतियों एवं टीम निर्माण की प्रक्रिया को रेखांकित किया।

अंतिम सत्र में श्री प्रदीप करंबेलकर, निदेशक, VASPL Initiative Pvt. Ltd., भोपाल द्वारा “Mentorship in Incubation Ecosystem” विषय पर प्रस्तुति दी गई। उन्होंने एक प्रभावशाली मेंटरशिप प्रणाली के निर्माण और मेंटर्स की भूमिका के महत्व पर बल दिया।

कार्यशाला में प्रदेश के 12 निजी विश्वविद्यालयों, 16 शासकीय विश्वविद्यालयों, 18 स्वायत्त महाविद्यालयों एवं 1 संबद्ध महाविद्यालय के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यशाला की समाप्ति के बाद सभी सहभागियों ने फीडबैक दिया एवं सभी सहभागियों को प्रशिक्षण प्रमाणपत्र प्रदान किये गए।

 

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