मंदसौर। मध्य प्रदेश के मंदसौर में दीपावली के अवसर पर मां महालक्ष्मी के दरबार को भव्य और आकर्षक स्वरूप दिया जा रहा है। धनतेरस के मौके पर यहां करीब एक करोड़ रुपये की नकदी और सोने-चांदी के आभूषणों से माता का विशेष श्रृंगार किया जाएगा। नोटों की गड्डियों और कीमती जेवरात से सजे मंदिर के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। इस विशेष आयोजन को लेकर शहर में भक्तों के बीच खासा उत्साह है।
200 से अधिक परिवारों की सहभागिता से सजेगा महालक्ष्मी दरबार
मंदसौर के नरसिंहपुरा स्थित भगवान नरसिंह मंदिर परिसर में अग्रवाल समाज देशी पंचायत की ओर से यह विशेष आयोजन किया जा रहा है। रतलाम की परंपरा से प्रेरित इस आयोजन में पहली बार शहर में मां महालक्ष्मी का इतना भव्य श्रृंगार किया जा रहा है। धनतेरस से भाई दूज तक श्रद्धालु माता के विशेष स्वरूप के दर्शन कर सकेंगे।
अग्रवाल समाज देशी पंचायत के अध्यक्ष संजय मित्तल के अनुसार, मंदिर का नवनिर्माण और जीर्णोद्धार कार्य 27 जून को पूरा हुआ था। यहां भगवान नरसिंह के साथ कुलदेवी मां महालक्ष्मी और दादी रानी सती की प्रतिमाएं भी स्थापित हैं। दीपावली के इस आयोजन में समाज के 200 से अधिक परिवार सहयोग कर रहे हैं।
नोटों की गड्डियों और सोने-चांदी के आभूषणों से होगा श्रृंगार
मां महालक्ष्मी के दरबार को सजाने के लिए 10, 20, 50, 100, 200 और 500 रुपये के नोटों का इस्तेमाल किया जाएगा। इसके साथ ही सोने और चांदी के आभूषणों से मंदिर को आकर्षक रूप दिया जाएगा। इस बार मंदिर में करीब एक करोड़ रुपये की नकदी और कीमती आभूषणों से सजावट की तैयारी की गई है।
धनतेरस पर भागवताचार्य डॉ. देवेंद्र शास्त्री धारियाखेड़ी के सानिध्य में मां महालक्ष्मी सहस्रार्चन अभिषेक, 108 कनकधारा स्तोत्र पाठ और सौभाग्य श्रृंगार जैसे धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे। आयोजन के दौरान न्याय परिसर स्थित श्री तोप वाले बालाजी मंदिर में भी मां महालक्ष्मी, भगवान कुबेर और बालाजी का विशेष श्रृंगार किया जाएगा।
251 किलो पेड़े का प्रसाद, रात में होगी भव्य आरती
धनतेरस के दिन शाम 4 बजे से श्रद्धालुओं के लिए मां महालक्ष्मी के भव्य दरबार के दर्शन शुरू होंगे। आयोजन का प्रमुख आकर्षण रात 8 बजे होने वाली विशेष आरती रहेगी। इस दौरान आतिशबाजी और ढोल-धमाकों के साथ मंदिर परिसर में उत्सव का माहौल बनेगा।
श्रद्धालुओं के लिए सुबह से ही 251 किलो पेड़े का प्रसाद वितरित किया जाएगा। धनतेरस से भाई दूज तक चलने वाले इस आयोजन में बड़ी संख्या में भक्तों के शामिल होने की उम्मीद है। नकदी और आभूषणों से सजा मां महालक्ष्मी का दरबार इस बार मंदसौर के दीपोत्सव का प्रमुख आकर्षण बनने जा रहा है।




