By: Ravindra Singh
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 को हुई मध्य प्रदेश कैबिनेट की बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा हुई और फैसले लिए गए। बैठक में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) के लिए 345 करोड़ रुपये की मंजूरी, नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण की योजनाओं को जारी रखने और कम बारिश से प्रभावित जिलों में किसानों की स्थिति का आकलन करने जैसे मुद्दे प्रमुख रहे।
कैबिनेट मंत्री चेतन कश्यप ने बैठक में लिए गए निर्णयों की जानकारी दी। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने दीपावली पर स्थानीय कुम्हारों से मिट्टी के दीये खरीदने और पारंपरिक उत्पादों को प्रोत्साहित करने की अपील करते हुए मंत्रियों को अपने प्रभार वाले जिलों में इस दिशा में पहल करने के निर्देश दिए।
EOW को 345 करोड़ रुपये की मंजूरी, विकास योजनाओं को भी हरी झंडी
कैबिनेट बैठक में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) के लिए 345 करोड़ रुपये मंजूर किए गए। बैठक में नगरीय निकायों से जुड़े मामलों में 392 लोगों के खिलाफ की गई कार्रवाई का भी उल्लेख किया गया। जानकारी के मुताबिक, इन मामलों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और आधुनिक तकनीक का उपयोग किया गया।
इसके साथ ही नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण (NVDA) की चार योजनाओं को लगातार जारी रखने की स्वीकृति दी गई। छिंदवाड़ा, सागर, सिवनी और मुरैना से संबंधित योजनाओं के लिए कुल 3,378 करोड़ रुपये की मंजूरी दिए जाने की जानकारी भी सामने आई।
बैठक में सरकार की विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति और उन्हें आगे जारी रखने से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की गई।
कम बारिश से प्रभावित 12 जिलों में किसानों की स्थिति का होगा आकलन
मध्य प्रदेश के 12 जिलों में कम बारिश के कारण बनी परिस्थितियों पर कैबिनेट बैठक में चर्चा की गई। सरकार इन जिलों में वर्षा की स्थिति, कृषि गतिविधियों और किसानों पर पड़े प्रभाव का आकलन करेगी। इसके आधार पर प्रभावित किसानों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के संबंध में आगे कदम उठाए जा सकते हैं।
बैठक में किसान कल्याण वर्ष के तहत किए गए कार्यों की जानकारी भी प्रस्तुत की गई। इस दौरान कृषि क्षेत्र में संचालित योजनाओं, किसानों के हित में किए जा रहे प्रयासों और संबंधित कार्यक्रमों की समीक्षा हुई।
मुख्यमंत्री ने दीपावली के अवसर पर स्थानीय कुम्हारों और माटी कला से जुड़े कारीगरों को प्रोत्साहित करने पर भी जोर दिया। उन्होंने मंत्रियों से अपने प्रभार वाले जिलों में मिट्टी के दीये खरीदने और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की पहल करने को कहा। इस कदम का उद्देश्य पारंपरिक कारीगरों की आजीविका को समर्थन देना और स्वदेशी उत्पादों के इस्तेमाल को प्रोत्साहित करना है।
सेवा संकल्प अभियान, पुरस्कारों और आगामी आयोजनों की तैयारियों पर चर्चा
कैबिनेट बैठक में सेवा संकल्प अभियान के तहत प्रदेश में चलाए गए कार्यक्रमों की जानकारी साझा की गई। मुख्यमंत्री के अनुसार, अभियान के अंतर्गत 1,345 सेवा शिविर लगाए गए और 1,600 से अधिक सेवा ज्योति यात्राएं निकाली गईं। नमो सेवा नुक्कड़ टोली के माध्यम से भी लोगों को सरकारी योजनाओं और देश के विकास से संबंधित विषयों के प्रति जागरूक किया गया।
बैठक में पिछले दो सप्ताह के दौरान मध्य प्रदेश को मिले विभिन्न सम्मानों का भी उल्लेख हुआ। इनमें प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के तहत मिला सम्मान, राष्ट्रीय पोषण एवं पर्यटन क्षेत्र से जुड़े पुरस्कार और बिजली ट्रांसमिशन में पावर लॉस कम करने के लिए पावर ट्रांसमिशन कंपनी को मिला सम्मान शामिल है। भोपाल में आयोजित राष्ट्रीय मत्स्य नीति से संबंधित कार्यक्रम और सेमीकंडक्टर समिट के बारे में भी जानकारी दी गई।
इसके अलावा आगामी महत्वपूर्ण आयोजनों की तैयारियों पर चर्चा हुई। प्रदेश में 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती, 1 नवंबर को मध्य प्रदेश स्थापना दिवस और 15 नवंबर को भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर जनजातीय गौरव दिवस मनाया जाएगा। इन आयोजनों के जरिए राष्ट्रीय एकता, प्रदेश की स्थापना और जनजातीय संस्कृति व गौरव से जुड़े विषयों को प्रमुखता दी जाएगी।




